Ram bhajan
अंगुठी मेरे रघुवर की यहाँ पर कौन लाया है
अंगुठी मेरे रघुवर की यहाँ पर कौन लाया है अंगुठी हाथ मे लेकर अंगुठी से सिया बोली। अंगुठी है ये रघुवर की यहाँ पर कौन लाया है। ये बजंरग पेड से उतरे सिया के पास आए है। झुकाया शीश चरणों मे वचन माँ को सुनाया है। डरो मत जानकी माता Read more…






