Ram bhajan
ओम शांति हरी के गुण गाया हे
ओम शांति हरी के गुण गाया हे करो। जहाँ शांति नहीं रै उड़ै राम भी नहीं। चाहे नित उठ ताल बजाया हे करो। ओम शांति💐💐💐💐💐💐। जहाँ शांति नहीं रै उड़ै धन भी नहीं। चाहे दिन और रात कमाया हे करै। ओम शांति💐💐💐💐💐💐💐। जहाँ शांति नहीं रै लागै दान भी नहीं। Read more…






