
बरसेगा-बरसेगा तुम करो हरि से प्यार अमृत बरसेगा।
दय धर्म से प्रीति कर लो।भव सागर से पार उतर लो।
होजा बेड़ा पार अमृत बरसेगा।
बरसेगा-बरसेगा…।
सत् ज्ञान का पहनो गहना।कड़वा बोल कभी ना कहना।
करो गुरु से प्यार अमृत बरसेगा।
बरसेगा-बरसेगा…।
प्रेम प्रभु से जो नहीं करता।पड़ा नरक मे फिर वो सड़ता।
लानत दे संसार अमृत बरसेगा।
बरसेगा-बरसेगा…।
नाम प्रभु का अमृत प्याला।पिले बन के किस्मत वाला।
हो मिलना बारम्बार अमृत बरसेगा।
बरसेगा-बरसेगा…।
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