krishan bhajan
कान्हा मेरे हाथों से निकल गयो रे निकल गयो रे
कान्हा मेरे हाथों से निकल गयो रे निकल गयो रे मै पकड़न लागी फिसल गयो रे। मथुरा मे देखा मैंने गोकुल मे देखा। वृन्दावन मे जाके छिप गयो रे छिप गयो रे मै पकड़न लागी फिसल गयो रे। कान्हा मेरे हाथों💐💐💐💐💐💐💐। गंगा मे देखा मैंने सरयू मे देखा। जमुना मे Read more…






