
ओढ लई हे मैनै ज्ञान चुंदड़ीया।
इब पाटै तो पाटन दे।
दो दो तो हे मेरे बेटे हो गए।
खूब पढाए मैंने खूब लिखाए।
इब बिगड़े तो बिगडऩे दे।
ओढ लई हे💐💐।इब पाटै💐💐।
दो दो तो हे मेरै बहुड़ आई।
शौप दई हे मैंने घर की चाबी।
इब उजड़ै तो उजडऩे दे।
ओढ लई हे💐💐।इब पाटै💐💐।
दो दो तो हे मेरे बेटी हो गई।
खूब दिया हे धन माल लुटाया।
इब नाटै तो नाटैन दे।
ओढ लई हे💐💐।इब पाटै💐💐।
दो दो तो हे मेरे पोते हो गए।
खूब खिलाए मैंने लाड लडाए।
इब रोवै तो रोवन दे।
ओढ लई हे💐💐।इब पाटै💐💐।
धन दौलत मैंने खूब कमाई।
कोठी बंगला महल बनाया।
इब छुटै तो छुटैन दे।
ओढ लई हे💐💐।इब पाटै💐💐।
0 Comments