दिल्ली शहर तै रै बीरा खजर मंगायो जी।

जयपुर शहर तै रै बीरा लीलगर बुलायो जी।

कोए पीला मै रंग भरवादो बीरा मेरा जी

पीलो रंगायो जी।

चारों तो पल्लै रै बीरा मोर मंडा दयो जी।

कोए घुंघट पै गायत्री मंडवा दयो बीरा मेरा

जी पीलो रंगायो जी।

पीलो तो ओढ मेरा बीरा सरवर चाली जी।

कोए बडी हे जिठानी कै साथ बीरा मेरा

जी पीलो रंगा दयो जी।

बुआ बाहन मैनै सारी बुलाई जी।

कोए ननदा को लम्बो सै लारो बीरा 

मेरा जी पीलो रंगा दयो जी।

मुडलो तो पुज म्हारा बीरा घरनै भी आई जी।

कोए सासु जी हसती डोलै बीरा 

मेरा जी पीलो रंगा दयो जी।

मुडलो तो तार मेरा बीरा भीतर नै आई जी।

कोए पिलंगा पै सुसर हजारी बीरा 

मेरा जी पीलो रंगा दयो जी।

हसं हसं कै हे जीजी नेग चुका दयो जी।

कोए होलर की बाटों ना बधाई जीजी

मेरी जी पिलो रंगा दयो जी।

धन धन रै मेरी माँ का रै जाया जी।

कोए सारा हे प्रण पुगाया बीरा

मेरा जी पीलो रंगा दयो जी।

धन धन हे मेरी माँ की हे जाई जी।

कोए गावँ मै बहोत सराही जीजी मेरी

जी पीलो रंगा दयो जी।


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