सज धज कै-2 चल रही देवकी ससुराल के लिए।

वैनै बांधी रेशम साड़ी सोलह श्रृंगार कराया।

हाथो मे होए हाथो मे लगा लई मेंहदी वासुदेव के लिए।

सज धज के…।

बजना सा रथ मंगवाया वैम देवकी बैठाई।

वैम कंस हुए -2 रथवान पहुचाने के लिए।

सज धज के…।

ऊपर तै हुई आकाशवाणी तुम सुनो कंस अभिमानी।

यो तो जाए -2 आठवां लाल तेरे संहार के लिए।

सज धज के…।

वैनै एक जेल बनवाई वैमै देवकी बैठाई।

वैम जड़ दिए-2 साकल ताले रखवाल के लिए।

सज धज के…।

जब दर्द पीड ऊठ आई वासुदेव बहुत घबराए।

सब खुल गए-2 साकल ताले भगवान के लिए।

सज धज के…।

वासूदेव लेके चाले जब जमना मारै उछाले।

कान्हा नै-2 पैर लटकाए पहुचाने के लिए।

सज धज के…।

मथुरा मे जन्म लिया था गोकुल मे बजे बधाई।

सब सखियां -2 मंगल गाये भगवान के लिए।

सज धज के…।

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