
हेरी-हेरी जाटनी सुन ले।
कर सोच समझ के बात श्याम मेरा प्यारा।
यो रीते रै खजाने भर दे।
कंगले कै ताज सिर धर दे।
यो दिन कि बना दे रात श्याम मेरा प्यारा।
हेरी-हेरी…।
कर सोच…।
मीरा का मान बढ़ाया।
द्रौपदी का चीर बढ़ाया।
हरनन्दी का भर दिया भात श्याम मेरा प्यारा।
हेरी-हेरी…।
कर सोच…।
भगतो का मान बढ़ाया।
अर्जुन को ज्ञान सुनाया।
यो पकड़ा सुदामा का हाथ श्याम मेरा प्यारा।
हेरी-हेरी…।
कर सोच…।
भगतो ने भजन बनाया।
सतसंग मे गाके सुनाया।
धरा भगतो के सिर हाथ श्याम मेरा प्यारा।
हेरी-हेरी…।
कर सोच…।
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