बन्ना की बुरस्ट पे रेल

बन्ना की बुरस्ट पे रेल चलती है। बुरस्ट की चाली रेल कहाँ रुकती है । रेवाड़ी नहीं रुकती भिवानी नहीं रुकती। बुरस्ट की चाली रेल (जहाँ बन्ना की ससुराल हो)आगरा रुकती है। दान ल्याती है देज ल्याती है। बन्ना की बन्नी को संग ल्याती है। बन्ना की पैंटा पे रेल Read more…

बन्ना दादा तेरा का

बन्ना दादा तेरा का हो बाग मै। बन्ना ताऊ तेरा का हो बाग मै। फूल तोड़ने के जाईये मेरा लाडला। बन्ना कच्ची-कच्ची कलियाँ हो तोड़ के। सोहना सेहरा गुथवाईये मेरा लाडला। बन्ना सिर कै सेहरा हो बांध के ससुराल घर जाईये मेरा लाडला। बन्ना सुसरा री गलियाँ हो भीड़ सै। Read more…

अहे नल के नीचे बाजार

अहे नल के नीचे बाजार बन्ना मेरा घुमने को निकला। दादा ढ़ुंढ़े अली गली मे।ताऊ ढुंढे़ अली गली मे। अहे दादी दे रही आवाज बन्ना मेरा घुमने को निकला। एसे ही पाप,चाचा,मामा,भैया

डलियाँ मे के लयाई बतादे

डलियाँ मे के लयाई बतादे मालनिया। इस डलियाँ मे बन्ना की पैंटा लयाई। पेटी सम्भाल रख आई बतादे मालनिया। डलियाँ मे💐💐💐💐💐💐💐💐। इस डलियाँ मे बन्ना की बुरस्ट लयाई। टाई सम्भाल रख आई बतादे मालनिया। डलियाँ मे💐💐💐💐💐💐💐💐। इस डलियाँ मे बन्ना के जुते लयाई। मौजे सम्भाल रख आई बतादे मालनिया। डलियाँ Read more…

बन्नी तो म्हारी कमरे

बन्नी तो म्हारी कमरे मै खड़ी सै हे। हे दादा तै करै जवाब बन्नी तो म्हारी मोटर मांगै हे। हे ताऊ तै💐💐💐💐💐💐💐💐। बन्नी हे थमनै मोटर दयांगा हे। हे बनरा नै हवाई जहाज के समधी नै साईकिल दयांगा हे। बन्नी तो म्हारी अंगना मै खड़ी सै हे। हे चाचा तै Read more…

अहे दादा नै कहिए मेरी

अहे दादा नै कहिये मेरी दादी मेरी इबके कर दे शादी। अहे इब-इब कै टाल म्हारी लाडो सरसो नै मार गयो जाडो। अहे चाहे ओला मारै चाहे जाडो मेरो ब्याह रचा दो ठाडो। एसे ही ताऊ,पापा,चाचा,मामा,भैया

त्यार खड़ी-त्यार खड़ी

त्यार खड़ी त्यार खड़ी जुड़ा बिन्दी लगाया बन्नी त्यार खड़ी। ले जाएंगे ले जाएंगे दिलवाले दुल्हनिया ले जाएंगे। रह जाएंगे रह जाएंगे बन्नी के दादा जी देखते रह जाएंगे। एसे ही चाचा,मामा,पापा,ताऊ,भाई।

बन्नो तेरी अखियाँ सुरमे

बन्नो तेरी अखियाँ सुरमे दानी। बन्नो तेरा टीका लाख का रे। बन्नो तेरी बिन्दियाँ है हजारी। बन्नो तेरी 💐💐💐💐💐। एसे ही हरवा,माला,कंगना,चुड़ी,तगड़ी,गुच्छा,पायल,बिछुऐ

भुरा-भुरा बनरा कै

भूरा-भूरा सनरा कै बुरस्ट अच्छी लागै हे। या अच्छी लागै हे चाल बनरे की। चाल बनरे की शोभा हे बनरे की। या चावल फैकें हे बाहन बनरे की। बाहन बनरे की बुआ हे बनरे की। या स्याही घालै हे भावज बनरे की। इसी तरह पैंट,जूते