
अरे मेरे बालापन के यार सुदामा कैसे आए।
सुदामा कैसे आए मेरे भैया कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐।
मोहन ने चौकी बिछाई तुम बैठो सुदामा भाई।
काटें काढ़ रहे भगवान सुदामा कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐।
मोहन ने नहान संजोया तुम नहाओ सुदामा भैया।धोती धोए रहे भगवान सुदामा कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐।
रुकमणी ने तपी रसोई तुम जीमो सुदामा भाई।
पंखा ढ़ोल रहे भगवान सुदामा कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐।
मोहन ने सेज बिछाई तुम सोओ सुदामा भाई।
पैर दबाए रहे भगवान सुदामा कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐।
मोहन ने पग चुचकारे भाभी ने क्या भिजवाए।
हमसे क्या ऐ रहे हो छुपाए सुदामा कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐।
मोहन ने चावल खाएं सुदामा के भाग जगाए।
कंचन महल दियो बनवाए सुदामा कैसे आए।
अरे मेरे💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐💐।
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